Admin+9759399575 ; Call आचार्य
शादी - विवाह, नामकरण, गृह प्रवेश, काल सर्प दोष , मार्कण्डेय पूजा , गुरु चांडाल पूजा, पितृ दोष निवारण - पूजा , महाम्रत्युन्जय , गृह शांति , वास्तु दोष

देश में अनेक स्थानों पर होती है कालसर्प दोष की शांति

नई दिल्ली, 27 जनवरी। जन्मकुंडली में जब राहु और केतु के मध्य में अन्य सभी ग्रह आ जाते हैं तो कालसर्प दोष बनता है। जिस जातक की कुंडली में यह दोष होता है उसके जीवन में अनेक प्रकार के कष्ट आते

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *