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सूर्य का कुम्भ राशि में गोचर (13 फरवरी, 2022): सभी राशियों पर इसका प्रभाव

सूर्य ग्रह आक्रामकता से भरा एक भयंकर और उग्र ग्रह माना जाता है। एक व्यक्ति किस तरह से सूर्य का ग्रह की ऊर्जा को अपने जीवन में सम्मिलित करता है इसी बात पर निर्भर होता है कि सूर्य ग्रह आपको शुभ परिणाम देगा या फिर अशुभ परिणाम देगा। सूर्य ग्रह आत्मविश्वास, साहस, और सकारात्मकता का प्रतीक माना गया है। वैदिक ज्योतिष में सूर्य मनुष्य की आत्मा का प्रतिनिधित्व करता है।

यह हमारे सौरमंडल का सबसे बड़ा ग्रह है इसीलिए यह बेहद ही महत्वपूर्ण भी माना गया है और व्यक्ति के जीवन पर इसका प्रभाव भी सबसे ज्यादा होता है। सूर्य ग्रह स्थिर रहता है और कई बार वक्री हो जाता है लेकिन अन्य सभी वस्तुएं इसके चारों ओर चक्कर लगाती है। सूर्य ग्रह प्रत्येक राशि में तकरीबन 1 महीने की समय अवधि के लिए रहता है और सभी राशियों में अपनी यात्रा पूरी करने के लिए इसे 12 महीनों का समय लगता है।

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सूर्य दयालु ग्रहों में से एक है। पितृत्व चरित्र और आत्मा के अलावा सूर्य पूर्वजों को भी नियंत्रित करता है। यही कारण है कि कई जातकों की कुंडली में पितृ दोष पैदा करने के लिए भी सूर्य ग्रह ही समझदार होता है। सूर्य ग्रह को रवि के नाम से भी जाना जाता है। सूर्य ग्रह सिंह राशि का शासक ग्रह है और अपनी गर्मी के कारण इसे थोड़ा बहुत अशुभ ग्रह भी माना जाता है।

यदि किसी व्यक्ति की जन्म कुंडली में दसवें घर में सूर्य स्थित होता है तो इस स्थिति में सूर्य बेहद ही मजबूत रहता है। जिन व्यक्तियों की कुंडली में सूर्य ग्रह मजबूत और शुभ स्थिति में होता है ऐसे व्यक्तियों को ज्ञान, सौभाग्य, समृद्धि, बुद्धि, आकांक्षाओं, और ज्ञान आदि का वरदान प्राप्त होता है।

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कुंभ राशि में सूर्य का गोचर (13 फरवरी, 2022): समय

सूर्य ग्रह सम्मान, समृद्धि, अहंकार, स्थिति, जीवन शक्ति और शक्ति आदि का कारक माना गया है। यह रविवार 13 फरवरी 2022 को कुंभ राशि में गोचर का जाएगा। सूर्य के इस गोचर के समय की बात करें तो सूर्य का यह गोचर 3 बजकर 12 मिनट पर होगा। स्वभाविक सी बात है कि सूर्य ग्रह के इस गोचर का सभी बारह राशियों के जीवन पर कुछ न कुछ प्रभाव अवश्य देखने को मिलेगा।

तो आइये आगे बढ़ते हैं और जान लेते हैं सूर्य ग्रह के गोचर का सभी 12 राशियों पर प्रभाव और इससे बचने के उपाय।

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सूर्य का कुम्भ में गोचर: राशिनुसार प्रभाव और उपाय 

यह भविष्यफल चंद्र राशि पर आधारित है। अपनी चंद्र राशि जानने के लिए क्लिक करें:
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मेष राशि 

मेष राशि के लिए सूर्य पंचम भाव का स्वामी है और आय, लाभ और इच्छा के ग्यारहवें भाव में गोचर कर रहा है। सूर्य का यह गोचर आपके लिए…(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

वृषभ राशि 

वृषभ राशि के लिए सूर्य चतुर्थ भाव का स्वामी है और करियर, नाम और प्रसिद्धि के दसवें भाव में गोचर कर रहा है। यह गोचर …(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

मिथुन राशि 

मिथुन राशि के लिए सूर्य तीसरे भाव का स्वामी है और अध्यात्म, धर्म और अंतर्राष्ट्रीय यात्राओं के नवम भाव में गोचर कर रहा है। इस गोचर के दौरान…(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

कर्क राशि 

कर्क चंद्र राशि के लिए सूर्य दूसरे भाव का स्वामी है और गूढ़ भाव, अचानक लाभ/हानि और उत्तराधिकार के आठवें भाव में गोचर कर रहा है। गोचर की यह समय अवधि…(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

सिंह राशि 

सिंह राशि के लिए सूर्य पहले भाव का स्वामी है और विवाह और साझेदारी के सप्तम भाव में गोचर कर रहा है। इस गोचर काल के दौरान…(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

कन्या राशि 

कन्या राशि के लिए सूर्य बारहवें भाव का स्वामी है और ऋण, शत्रु और रोग के भाव से छठे भाव में गोचर कर रहा है। इस गोचर के दौरान…(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

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तुला राशि 

तुला राशि के लिए, सूर्य 11वें घर का स्वामी है और प्रेम संबंधों, बच्चों, अटकलों और प्रारंभ के पंचम भाव में गोचर कर रहा है। गोचर अवधि के दौरान…(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

वृश्चिक राशि 

वृश्चिक राशि के लिए सूर्य दशम भाव का स्वामी है और माता आराम, पारिवारिक व्यवसाय, समृद्धि, वाहन आदि के चतुर्थ भाव में गोचर कर रहा है। सूर्य का यह गोचर …(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

धनु राशि 

धनु राशि के लिए, सूर्य नवम भाव का स्वामी है और सूचना, संचार और छोटी यात्राओं के तीसरे भाव में गोचर कर रहा है। इस समय अवधि के दौरान…(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

मकर राशि 

मकर राशि के लिए सूर्य अष्टम भाव का स्वामी है और परिवार, धन, वाणी, रत्न और आभूषण आदि के दूसरे भाव में गोचर कर रहा है। हालांकि यह समय अवधि …(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

कुम्भ राशि 

कुम्भ राशि के लिए सूर्य सप्तम भाव का स्वामी है और पहचान, रूप और आत्म-अभिव्यक्ति के प्रथम भाव में गोचर कर रहा है। सूर्य ग्रह का है यह गोचर …(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

मीन राशि 

मीन राशि के लिए, सूर्य छठे भाव का स्वामी है और व्यय, मोक्ष, हानि और विदेश में बसने के 12 वें घर में गोचर कर रहा है। यदि पिछले लंबे समय से…(विस्तार से पढ़ें प्रभाव और उपाय)

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इसी आशा के साथ कि, आपको यह लेख भी पसंद आया होगा एस्ट्रोसेज के साथ बने रहने के लिए हम आपका बहुत-बहुत धन्यवाद करते हैं।

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