ये हैं भगवान शिव के वे दो अवतार, जो आज भी हैं जीवित, जानें कहां हैं?
भगवान शिव ने दुष्ट असुरों का संहार करने के लिए समय-समय पर कई अवतार लिए हैं। कुछ अवतार भोलेनाथ ने देवताओं का अभिमान तोड़ने के लिए भी लिए हैं।
भगवान शिव ने दुष्ट असुरों का संहार करने के लिए समय-समय पर कई अवतार लिए हैं। कुछ अवतार भोलेनाथ ने देवताओं का अभिमान तोड़ने के लिए भी लिए हैं।
टैरो कार्ड साप्ताहिक राशिफल 19 से 25 मार्च: एस्ट्रोसेज के इस ख़ास ब्लॉग में हम टैरो कार्ड पर आधारित साप्ताहिक राशिफल के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान करेंगे। इस ब्लॉग में हम 19 से 25 मार्च के सप्ताह में सभी 12 राशियों के जीवन में होने वाले अहम बदलावों के बारे में जानेंगे। एस्ट्रोसेज…
मृत्यु के बाद व्यक्ति की आत्मा अपनी अंतिम यात्रा पर निकलती है, जिसमें उसे कई पड़ाव पार करने पड़ते हैं।
शनि की साढ़ेसाती के तीन चरण होते हैं। पहला, दूसरा और तीसरा चरण। कुंभ राशि वालों पर वर्तमान में शनि की साढ़ेसाती का दूसरा चरण चल रहा है। वर्तमान में शनि की प्रिय राशियों में से एक कुंभ राशि पर शनि की साढ़ेसाती का प्रभाव है।
अक्षय तृतीया पर आयुष्मान योग…आयु,आरोग्य व ऐश्वर्य प्राप्ति के लिए विशेष
पौराणिक मान्यता के अनुसार, भीष्म पंचक का व्रत भगवान श्रीकृष्ण ने शुरू करवाया था। इस दौरान देवउठनी एकादशी से लेकर कार्तिक पूर्णिमा तक व्रत रखा जाएगा। पांच दिनों का यह व्रत फलाहार करते हुए भी किया जा सकता है।
Ketu Gochar:केतु आज सायं 5 बजकर 21 मिनट पर सिंह राशि में प्रवेश कर गया है डेढ़ साल 5 दिसंबर 2026 तक इसी राशि में गोचर करेगा। इस दौरान यह विभिन्न राशियों पर अपना असर दिखाएगा। सूर्य की राशि में होने