दुर्लभ संयोग में हुई हिंदू नववर्ष की शुरुआत, इन राशियों को साल भर होगा धन लाभ
विक्रम संवत नल नाम का संवत है। यह इंद्राग्रि युग का आखिरी साल है। एक युग 5 साल का होता है।
विक्रम संवत नल नाम का संवत है। यह इंद्राग्रि युग का आखिरी साल है। एक युग 5 साल का होता है।
Pradosh Vrat 2022 अगर आपका अचानक किसी काम में मन नहीं लग राह है और बिजनेस में भी नुकसान झेलना पड़ रहा है तो प्रदोष के दिन पीपल के पेड़ पर जल चढ़ाएं। ऐसा करने से आपका काम में मन लगने लगेगा और बिजनेस में भी स्थिरता आने लगेगी।
वास्तु शास्त्र के अनुसार मनी प्लांट गलत दिशा में रखा जाए तो विपरीत प्रभाव पड़ सकता है और परिवार में नकारात्मक ऊर्जा आ सकती है।
प्रत्येक ग्रह एक निश्चित पथ पर एक राशि से दूसरी राशि में गोचर करते हैं। इस दौरान ग्रहों की युति होती है यानी एक ही राशि में एक से ज्यादा ग्रह मौजूद होते हैं। ग्रहों की युति से कई शुभ योगों का निर्माण होता है, जिसका प्रभाव सभी राशि के जातकों पर सकारात्मक व नकारात्मक…
Raksha Bandhan 2022: 11 अगस्त को रक्षाबंधन पर इस बार भद्रायोग का साया रहेगा। पूर्णिमा तिथि सुबह 9.37 मिनट से शुरू होगी।
क्या आप जानते हैं कि हमारे देश के कई ऐसे शहर भी हैं, जिनके नाम देवी दुर्गा और उनके अवतारों पर रखे गए हैं. आज आपको उन्हीं शहरों के बारे में बताएंगे.
शनि का पूर्वाभाद्रपद में गोचर: न्याय एवं कर्मफल दाता कहे जाने वाले शनि महाराज को सबसे धीमी गति से चलने के लिए जाना जाता है। अपनी मंद चाल की वजह से शनिदेव को एक राशि से दूसरी राशि में गोचर करने में तक़रीबन ढाई साल का समय लगता हैं। आपको बता दें कि यह अपना…