Yamraj Ki Sabha: आखिर कैसी होती है यमराज की सभा, महाभारत में मिलता है वर्णन
महाभारत में नारद जी ने यमराज की सभा के बारे में युधिष्ठिर को बताया था। इस सभा में यमराज की सेवा में लगे दूतों को यमदूत कहा जाता है। यहां के दो प्रमुख रक्षक हैं, इनके नाम हैं महाण्ड और कालपुरुष। इनके साथ ही 4 आंखों वाले दो कुत्ते यमलोक की चौकीदारी करते हैं। यमलोक के द्वारपाल धर्मध्वज हैं।
