Ganesh Visarjan 2022: देवी-देवताओं की मूर्तियों को इसलिए किया जाता है जल में विसर्जित
Ganesh Visarjan 2022: देव प्रतिमाओं को विसर्जित किया जाता है, तो देवी देवताओं का अंश मूर्ति से निकलकर वापस देवलोक में चला जाता है।
Ganesh Visarjan 2022: देव प्रतिमाओं को विसर्जित किया जाता है, तो देवी देवताओं का अंश मूर्ति से निकलकर वापस देवलोक में चला जाता है।
2024 में नहीं होगा शुक्र वक्री: एस्ट्रोसेज अपने रीडर्स को ज्योतिष की रहस्यमई दुनिया की पल-पल की अपडेट देने के लिए नए-नए ब्लॉग लेकर समय-समय पर आता ही रहता है। अपनी इसी कड़ी में आज हम आपके सामने एक और महत्वपूर्ण ज्योतिषीय घटना से संबंधित हमारा यह खास ब्लॉग लेकर हाजिर हैं। यहां हम बात…
भगवान को चढ़ाए जाने वाले जल को चरणामृत कहा जाता है। इसमें तुलसी के पत्ते मिलाने के बाद इसे ग्रहण किया जाता है। हिंदू धर्म में चरणामृत का विशेष महत्व बताया है। प्रसिद्ध कथावाचक प्रेमानंद महाराज ने भी अपनी कथा में चरणामृत पीने के कई फायदे बताए हैं।
आप इसी करण से कई तरह की परेशानियों का सामना कर रहे हैं, तो हम आपको वास्तु शास्त्र के अनुसार मात्र 5 कार्य बताएंगे।
अलकनंदा नदी भारत की पवित्र नदियों में से एक है। इसका उद्गम सतोपंथ और भगीरथ ग्लेशियरों के संगम से हुआ है और यह बद्रीनाथ धाम से होकर गुजरती है। देवप्रयाग में अलकनंदा का संगम भागीरथी नदी से होता है और यह बाद में गंगा के रूप में आगे बढ़ती है।
Aaj ka Love Rashifal 12 May 2023 जीवनसाथी से आज की चर्चा लाभकारी रहेगी। उनके सहयोग से बहुत लाभ होगा।
कर्क राशिफल आज हिंदी में, 10 नवंबर, 2024, रविवार: हमारे दैनिक ज्योतिष भविष्यवाणियों के साथ अपने दिन का अन्वेषण करें