बैकुंठ चतुर्दशी: जानिए क्या है बैकुंठ चतुर्दशी
बैकुंठ चतुर्दशी कार्तिक पूर्णिमा से एक दिन पहले मनाया जाता है। हिंदू पंचांग के अनुसार कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि का विशेष महत्व है।
बैकुंठ चतुर्दशी कार्तिक पूर्णिमा से एक दिन पहले मनाया जाता है। हिंदू पंचांग के अनुसार कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि का विशेष महत्व है।
Rashifal Today October 26 2023: संतान के दायित्व की पूर्ति होगी। स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहें। भावुकता में तनाव मिल सकता है।
15 फरवरी शुक्र के अपनी उच्च राशि में होने और गुरु के साथ मीन राशि में युति बनाने से शुक्र ग्रह के शुभ प्रभावों में वृद्धि होगी. ज्योतिष शास्त्र में यह योग बहुत ही शुभ और धन, सुख और सपन्नता में वृद्धि का कारण बनता है.
Vinayak Chaturthi 2023: आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि दिनांक 21 जून दिन बुधवार को दोपहर 03 बजकर 09 मिनट पर शुरू होगी।
vidhi upaaye : पंचकल्याणक महोत्सव की क्रिया और धर्म संस्कार का संचार जनमानस तक पहुंचाने का माध्यम
वैदिक ज्योतिष में किसी व्यक्ति का जन्म समय, तिथि ओर स्थान महत्वपूर्ण माना गया है। इनका इंसान के भाग्य, व्यक्तित्व और स्वभाव पर गहरा प्रभाव पड़ता है। लेकिन क्या यह वास्तव में इतना मायने रखता है कि व्यक्ति का जन्म सूर्यास्त से पहले हुआ या बाद में? इसका जवाब है हाँ। जिन लोगों का जन्म…
शुक्र के स्वराशि में गोचर करने से उसकी स्थिति मजबूत हो जाएगी और जातकों को उसके शुभ फल प्राप्त होंगे।