16 जनवरी राशिफल: सुनिए क्या कहती है आपकी राशि
16 जनवरी राशिफल: सुनिए क्या कहती है आपकी राशि
16 जनवरी राशिफल: सुनिए क्या कहती है आपकी राशि
मरकरी या बुध ग्रह सूर्य के सबसे निकटतम ग्रह होता है। ज्योतिष के अनुसार बात करें तो बुध ग्रह हास्य, बुद्धि, स्मार्टनेस, बुद्धिमत्ता का प्रतीक माना गया है। आमतौर पर बुध को एक शुभ ग्रह माना जाता है। हालांकि यदि कुंडली में यह किसी अशुभ ग्रह के साथ है तो यह व्यक्ति को अशुभ परिणाम…
मकर संक्रांति यानि वह शुभ दिन जब सूर्य ग्रह मकर राशि में प्रवेश कर जायेंगे। सूर्य के गोचर को संक्रांति कहते हैं। ऐसे में जब सूर्य मकर राशि में प्रवेश करेंगे तो इसे मकर संक्रांति के नाम से जाना जायेगा। मकर संक्रांति वर्ष 2022 का पहला त्यौहार भी है और आपकी जानकारी के लिए बता…
आइए जानते है कि मकर संक्रांति त्योहार क्या है? इस दिन का महत्व क्या होता है? इस दिन से जुड़े विधि विधान क्या हैं एवम इस दिन दान का इतना महत्व क्यों बताया गया है। साथ ही जानते हैं लोहड़ी त्योहार के महत्व को भी। इसके साथ ही इस ब्लॉग में हम आपको मकर संक्रांति…
मकर संक्रांति का पावन पर्व 14 जनवरी को मनाया जायेगा। यह पर्व हिन्दू धर्म के लोगों के लिए विशेष महत्व रखता है। मकर संक्रांति के दिन सूर्य उत्तरायण होते हैं। इस दिन मकर राशि में सूर्य प्रवेश कर जाते हैं और इसलिए ही इस दिन को मकर संक्रांति के नाम से जाना जाता है। बहुत…
वैदिक ज्योतिष में बुध ग्रह को देवताओं के दूत का दर्ज़ा प्राप्त है। बारह राशियों में दो राशियाँ मिथुन और कन्या राशि का स्वामित्व भी बुध ग्रह को प्राप्त होता है। बुध ग्रह का सीधा संबंध जातक की बुद्धि और ज्ञान से जोड़कर देखा जाता है। एक व्यक्ति की राशि में बुध ग्रह की शुभ-अशुभ…
मकर संक्रांति 14 जनवरी को है। इस त्यौहार को भारत देश के सभी लोग अलग-अलग तरीके से मनाते हैं। 14 जनवरी 2022 को दोपहर में 2:30 बजे वृषभ लग्न में सूर्य राशि परिवर्तन कर जायेंगे। वृष राशि में रोहिणी नक्षत्र आता है जिसका स्वामी चंद्रमा होता है। हिन्दू धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मकर संक्रांति के…
वैदिक ज्योतिष में सूर्य ग्रह का विशेष महत्व बताया गया है और यह व्यक्ति की आत्मा का कारक भी माना गया है। सूर्य ग्रह आत्मविश्वास, सकारात्मकता और साहस का प्रतीक है। सूर्य हमेशा स्थिर रहता है और अन्य सभी ग्रह इसके इर्दगिर्द चक्कर लगाते हैं। यही वजह है कि सूर्य ग्रह कभी भी वक्री नहीं…
वैदिक ज्योतिष अनुसार हर ग्रह का स्थान परिवर्तन, किसी न किसी रूप से हर राशि के जातकों के जीवन पर प्रभाव डालता है। सौरमंडल के समस्त ग्रहों में से सूर्य को ग्रहों का राजा माना गया है, जो हर 30 दिन में अपना गोचर करते हैं और उनकी गोचरीय स्थिति को हम संक्रांति कहते हैं।…
मंगल को एक उग्र ग्रह का दर्जा प्राप्त है। हिंदू पौराणिक कथाओं के अनुसार मंगल वराह (सूअर) और भूमि (पृथ्वी) का पुत्र है। लाल ग्रह मंगल ज्योतिष शास्त्र में बहुत बड़ी भूमिका निभाता है क्योंकि मंगल ग्रह से संबंधित मंगल दोष कई बार विवाह में बाधा या परेशानी की वजह बन जाता है। जिन लोगों…