Jyeshtha Kalashtami 2024: कालाष्टमी 30 मई को, राहु और शनि दोष दूर करना है तो ऐसे करें पूजा

भगवान काल भैरव को भोलेनाथ का रौद्र स्वरूप माना जाता है। यदि किसी जातक की कुंडली में राहु दोष या शनि दोष होता है तो भगवान काल भैरव की पूजा करना शुभ माना जाता है।

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *