Lalita Jayanti 2024: 24 फरवरी को मनाई जाएगी ललिता जयंती, जानिए पूजा विधि और महत्व
माना जाता है कि ललिता जयंती के दिन मां ललिता की पूजा करने से व्यक्ति सभी प्रकार की सिद्धियां प्राप्त कर सकता है।
माना जाता है कि ललिता जयंती के दिन मां ललिता की पूजा करने से व्यक्ति सभी प्रकार की सिद्धियां प्राप्त कर सकता है।
प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के लिए देशभर से जो भी खाद्यान्न सामग्री आ रही है। उसका माप तौल नहीं किया जा रहा है, क्योंकि इससे दान का महत्व कम हो जाता है।
15 दिसंबर 2024 की तारीख बहुत अहम होने जा रही है। सूर्य के राशि परिवर्तन के साथ ही इस दिन से खरमास या मलमास लग जाएगा। यानी विवाह समेत अन्य शुभ कार्य नहीं होंगे। यह स्थिति एक महीने तक बनी रहेगी।
Bargad Ke Upay: सनातन धर्म शास्त्रों के अनुसार बरगद के पेड़ में त्रिदेव यानी ब्रह्मा, श्री हरि विष्णु और महेश का वास होता है।
Bhanu Saptami: फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को भानु सप्तमी मनाई जाती है। इस दिन भगवान सूर्य को अर्घ्य दिया जाता है।
बुध मिथुन और कन्या राशि के स्वामी हैं। बुध ग्रह का संबंध बुद्धि से होने के साथ त्वचा से भी होता है।
भगवान गणेश का जन्म भाद्रपद महीने की शुक्ल पक्ष के दौरान हुआ था। इस साल गणेश चतुर्थी का पर्व 19 सितंबर, मंगलवार को मनाया जाने वाला है।