Rohini Vrat 2024: क्यों किया जाता है रोहिणी व्रत, जानिए इसका महत्व और नियम
जैन मान्यताओं के अनुसार, रोहिणी व्रत को करने से जीवन में चल रही परेशानियों से मुक्ति मिलती है।
जैन मान्यताओं के अनुसार, रोहिणी व्रत को करने से जीवन में चल रही परेशानियों से मुक्ति मिलती है।
प्रातःकाल में 6 से 9 बजे तक और दोपहर में 10 बजकर 36 मिनट से दोपहर 2 बजकर 52 मिनट तक कलश स्थापना मुहूर्त है।
हम ऐसी दुनिया में रहते हैं जहां धन और संपत्ति का व्यक्ति के जीवन में विशेष महत्व है। यही एक बड़ी वजह है कि हम सब अपने वित्त में सुधार करना चाहते हैं और तेजी से वृद्धि करना चाहते हैं। हम में से ज्यादातर लोग अपने सपनों को हकीकत में बदलने के लिए कठिन परिश्रम…
Pukhraj Gemstone: जिन जातकों की कुंडली में बृहस्पति शुभ स्थिति में होता है। उन्हें पुखराज धारण करने पर धन, करियर, शिक्षा के साथ सम्मान मिलता है। जिस प्रकार पुखराज धारण करने से कई राशियों के जातकों की सुख-समद्धि में वृद्धि होती है।
Aaj Ka Kanya Rashifal: कन्या राशि के जातकों के लिए आज का दिन मिला-जुला रहने वाला है। आप में से कुछ लोग नई शुरुआत करने के लिए उत्साहित होंगे, जबकि कुछ को अपने कार्यों में थोड़ी अड़चनें आ सकती हैं। कुल मिलाकर,
आश्विन माह के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि (दशहरा) पर भगवान श्रीराम की पूजा होती है। इस दिन शमी और अपराजिता की पूजा भी की जाती है। शमी पूजा करने से साधक के जीवन में मंगल का आगमन होता है। उसके सभी दुख एवं संकट दूर हो जाते हैं।
हर सनातनी और राम भक्त को अपने प्रभु का जन्मोत्सव का बेसब्री के इंतजार रहता है। इस वर्ष यह 6 अप्रैल को देशभर में विशेष आयोजन होंगे। ज्योतिषाचार्य पं. अमर डब्बावाला ने बताया कि इस बार दशरथ नंदन श्री राम का जन्मोत्सव बहुत विशेष योग में मनाया जाएगा।