Sawan Pradosh Vrat 2025: सावन में भगवान शिव को खुश करने का आखिरी मौका, इस दिन बरसेगी महादेव की कृपा
हर माह में आने वाली त्रयोदशी तिथि पर प्रदोष व्रत रखा जाता है। इस प्रकार माह में दो बार प्रदोष व्रत आता है। एक बार कृष्ण पक्ष में और एक बार शुक्ल पक्ष में। चलिए जानते हैं कि सावन का दूसरा प्रदोष व्रत कब मनाया जाएगा और इस दिन आप किस तरह शिव जी की प्रसन्न कर सकते हैं।
