विजयदशमी विशेष: क्या है आज का शुभ मुहूर्त
दशहरा बुराई पर अच्छी की जीत के रूप में मनाया जाने वाला पर्व है। इस दिन सभी प्राणियों को बुरे कर्मों का त्याग करने का संकल्प लेना चाहिए। लंकाधिपति रावण को काम,क्रोध,लोभ और मोह का प्रतीक माना जाता है।
दशहरा बुराई पर अच्छी की जीत के रूप में मनाया जाने वाला पर्व है। इस दिन सभी प्राणियों को बुरे कर्मों का त्याग करने का संकल्प लेना चाहिए। लंकाधिपति रावण को काम,क्रोध,लोभ और मोह का प्रतीक माना जाता है।
Rajyog 2023: आइए जानते हैं इस राजयोग का असर किस राशि के जातकों पर शुभ पड़ने वाला है और उन्हें क्या लाभ होगा।
कुंडली में बुध कमजोर हो, तो व्यक्ति को व्यापार में भारी नुकसान का सामना करना पड़ता है। चैत्र नवरात्र के पहले दिन बुध अपनी राशि बदलेंगे।
Shardiya Navratri 2025: शारदीय नवरात्र की शुरुआत इस साल 22 सितंबर से हो रही है। यह पावन पर्व पूरे नौ दिनों तक चलता है और हर दिन मां दुर्गा के अलग-अलग स्वरूप की पूजा का विधान है। मान्यता है कि इन दिनों देवी की भक्ति करने से घर में सुख-समृद्धि और शांति बनी रहती है।
Vastu Tips: हर एक दिशा के देवता अलग-अलग होते हैं और इसी तरह हर एक ग्रह का एक निश्चित स्थान भी होता है।
वैदिक ज्योतिष में ग्रहण लगने का बहुत महत्व है। सभी ग्रहों में सूर्य और चंद्रमा को ही ग्रहण लगता है और शास्त्रों में ग्रहण काल को लेकर कुछ खास नियम बनाए गए हैं। साल 2024 में दो बार चंद्र ग्रहण लगना था जिसमें से एक 25 मार्च को लग चुका है और दूसरा 18 सितंबर…
Chandra Grahan 2023: चंद्र ग्रहण के बाद बुध उदय होंगे। बुध के उदय होने से कुछ राशियों के भाग्य के दरवाजे खुलने वाले हैं।