Premanand Maharaj: ‘पार्टनर को धोखा देने पर रौरव नर्क में मिलती है खौफनाक सजा’, प्रेमानंद महाराज ने किया आगाह
हिंदू धर्म में मानव जीवन में किए गए कर्मों के आधार पर मृत्यु के बाद फल प्राप्त होता है। कई बार कथाओं में इसका उल्लेख भी मिलता है। इसमें मानव के चरित्र को भी देखा जाता है, जिसके आधार पर उसकी सजा का भी प्रावधान किया गया है।
