Falgun Amavasya 2023: परिघ योग में करेंगे अपने शत्रुओं को परास्त, जानें फाल्गुन अमावस्या का महत्व
Falgun Amavasya 2023: अमावस्या की तिथि पर पीपल के पेड़ को जल देते हैं औ उसके नीचे दीप जलाते हैं।
Falgun Amavasya 2023: अमावस्या की तिथि पर पीपल के पेड़ को जल देते हैं औ उसके नीचे दीप जलाते हैं।
कुछ शुभ नक्षत्र ऐसे होते हैं, जिनसे शादी के बाद भविष्य में आने वाली खुशियों के बारे में अनुमान लगाया जाता है।
जिन लोगों की कुंडली में शुक्र मजबूत होता है, उन्हें सच्चा प्यार जरूर मिलता है। साथ ही जल्द ही शादी के भी योग बनते हैं। शुक्र के राशि परिवर्तन का प्रभाव सभी राशियों पर पड़ेगा।
वैदिक पंचांग के अनुसार, बुधवार 14 जनवरी को सूर्य देव धनु राशि से निकलकर मकर राशि में प्रवेश करेंगे। इसी पावन दिन मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाएगा। सनातन परंपरा में इस तिथि को अत्यंत शुभ माना गया है। चलिए बताते हैं कि किन लोगों के भाग्य बदलने वाले हैं।
इस धरती पर सूर्य को ऊर्जा का सबसे बड़ा प्राकृतिक स्रोत माना गया है। यह पृथ्वी पर जीवन का कारक है। यह शक्ति, सहनशक्ति, बल, सरकार, पिता, अधिकार का कारक होता है। दूसरी और बात करें बुध ग्रह की तो यह बहन, संचार, बुद्धि, भाषण, का कारक है। ऐसे में जब इन दोनों अद्भुत ग्रहों…
Astro News: सनातन धर्म में दीपक के नीच धान्य रखने की परंपरा है। जिससे जातक को कल्याणकारी परिणाम की प्राप्ति होती है।
कुछ ऐसी घटनाएं घट जाती हैं, जो आपको आने वाली बुरी घटनाओं को लेकर सचेत करती हैं।